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मंड़ी बोर्ड अधिकारी व कर्मचारी करेंगे 3 सितंबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल
August 28, 2020 • Admin • मध्यप्रदेश

12 सूत्रीय मांगों को लेकर करेंगे मंत्री, प्रशासनिक अधिकारियों आदि के आवास का घेराव

भोपाल। संयुक्त संघर्ष मोर्चा मप्र मंडी बोर्ड भोपाल के बैनर तले अपनी 12 सूत्री मांगों के निराकरण हेतु मंडी बोर्ड मुख्यालय के समस्त अधिकारी कर्मचारी करेंगे 3 सितंबर से अनिश्चितकालीन आंदोलन हड़ताल। संयुक्त संघर्ष मोर्चा मप्र मंडी बोर्ड के प्रांतीय अध्यक्ष अंगिरा प्रसाद पांडे ने बताया कि मॉडल एक्ट अध्यादेश के अनुक्रम में मोर्चे द्वारा प्रस्तुत की गई मांगों का निराकरण ना होने की स्थिति में यह आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस संबंध में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को भी पत्र लिखकर अवगत कराया गया है उन्होंने बताया कि मोर्चा द्वारा मई 2020 से  24 अगस्त तक विभिन्न पत्रों के माध्यम से अपनी मांगे प्रस्तुत की गई जिनका निराकरण आज दिनांक तक नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में 26 अगस्त को मंडी अधिनियम/ मॉडल एक्ट/ अध्यादेश के संबंध में विभागीय अधिकारियों के साथ प्रस्तुत किए गए एकपक्षीय दस्तावेज के आधार पर चर्चा की गई। जिसका प्रारंभिक प्रारूप जनसंपर्क के माध्यम से संज्ञान में आया ।उन्होंने कहा कि सीएम से निवेदन है कि मंडी समिति एवं मंडी बोर्ड के अंतर्गत वर्तमान में कृषि उपज मंडी अधिनियम 1972 प्रावधान है। जिसके अंतर्गत प्रदेश के कृषक, व्यापारी, हम्माल तुलावटी एवं मंडी कर्मचारी/ बोर्ड कर्मचारी के द्वारा अधिनियम के अंतर्गत कृषि उपज एवं फल सब्जी वनोपज इत्यादि का क्रय विक्रय सुचारु रुप से संचालित किया जा रहा है। भारत सरकार के अध्यादेश  5 जून 2020 में वनोंपज अध्यादेश का हिस्सा नहीं है,इस संबंध में उच्च न्यायालय छत्तीसगढ़ में दायर याचिका के संदर्भ में भारत सरकार द्वारा अभिलिखित किया गया है। प्रस्तावित मॉडल एक्ट में मंडी प्रांगण को सीमित किया जाकर मंडी डीम्ड को भी मंडी प्रांगण में रखा गया है किंतु नियमन व्यवस्था संचालक कृषि विपणन के अधीन रखा गया है। उपरोक्त प्रक्रिया में मंडी शुल्क इत्यादि का प्रावधान का वर्गीकरण नहीं किया गया है। इसी प्रकार की अनेक विसंगतियां उपरोक्त मॉडल एक्ट में रखी गई हैं। उपरोक्त एक्ट में कर्मचारी संघों की सहभागिता तथा प्रभावित वर्ग की अनुशंसा इत्यादि नहीं ली जाकर एकतरफा अधिकारी वर्ग द्वारा मॉडल एक्ट को प्रस्तावित किया जाकर शासन को भ्रमित कर मंडी अधिनियम का सत्यानाश किया गया है। अंत में संयुक्त संघर्ष मोर्चा मध्य प्रदेश मंडी बोर्ड  के प्रांत अध्यक्ष अंगिरा प्रसाद पांडे ने बताया कि अनुक्रम में मांगों का निराकरण दिनांक 2।9। 2020 तक नहीं होने की स्थिति में प्रदेश की समस्त 259 मंडियां तथा 298 उप मंडियां, सात आंचलिक कार्यालय, 13 तकनीकी संभाग एवं मंडी बोर्ड मुख्यालय के समस्त अधिकारी कर्मचारी, समस्त कृषक बंधु,व्यापारी वर्ग एवं हम्माल तुलावटी वर्ग शामिल होकर 3 सितंबर  गुरुवार से अनिश्चितकालीन मंडी एवं कार्यालय को बंद कर  आंदोलन हड़ताल करेंगे। उन्होंने कहा कि मुख्यालय में सत्याग्रह, मंडी बोर्ड, बल्लभ भवन, पीएम हाउस,मंत्री आवास एवं संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों के आवास का घेराव इत्यादि मांगे पूर्ण नहीं होने तक जारी रहेगा।